Thursday, September 11, 2025

एएमयू का जेएनएमसीएच 100 टीबी मरीजों को अपनाया

 


सहानुभूति के साथ इलाजः एएमयू का जेएनएमसीएच 100 टीबी मरीजों को अपनाया

        क्षयरोग (टीबी) के खिलाफ एक सराहनीय पहल के तहतजवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज और अस्पताल (जेएनएमसीएच)अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के टीबी एण्ड चैस्ट विभाग ने 100 टीबी मरीजों को अपनाया और उन्हें पोषण पोटली” वितरित की। यह कदम भारत सरकार की राष्ट्रीय मिशन योजना के तहत उठाया गया है।

विभाग के अध्यक्ष और राज्य टास्क फोर्स फॉर टीबी के उपाध्यक्ष प्रो. मोहम्मद शमीम ने इस पहल का महत्व बताते हुए कहा कि हमने 100 टीबी मरीजों को अपनाने की घोषणा करते हुए उन्हें पोषण पोटली के माध्यम से लगातार पोषण सहायता देने का लक्ष्य रखा है। इसका उद्देश्य उपचार और पोषण के बीच महत्वपूर्ण संबंध को मजबूत करना और सेवा व जिम्मेदारी की भावना को बढ़ावा देना है।

प्रो. शमीम ने बताया कि इस मानवतावादी प्रयास पर प्रति मरीज औसतन 450 रुपये खर्च हो रहे हैं। उन्होंने एएमयू के शिक्षककर्मचारीछात्र और समुदाय के सदस्यों से इस प्रयास में सक्रिय भागीदारी की अपील की। उन्होंने कहा कि इस प्रयास में शामिल होकर हम सभी सहानुभूतिगरिमा और समाज की भलाई के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दिखाते हैं।

एएमयू के कुलपति प्रो. नइमा खातून ने बधाई संदेश में कहा कि टीबी और छाती विभागजेएनएमसीएच को 100 टीबी मरीजों को अपनाने और पोषण पोटली देने के लिए मेरी हार्दिक शुभकामनाएं। यह पहल एएमयू की स्वास्थ्य सेवासहानुभूति और सामाजिक जिम्मेदारी के प्रति गहरी प्रतिबद्धता को दर्शाती है और राष्ट्रीय टीबी उन्मूलन मिशन को मजबूत करती है।

यह पहल न केवल विभाग की रोगी देखभाल और समुदाय सेवा में निरंतर उत्कृष्टता को दर्शाती हैबल्कि एएमयू की मानव सेवा की पुरानी परंपरा के अनुरूप भी है।

No comments:

Popular Posts