AHAD AHMAD CYCLE PUNCTURE BANANE WALA BANA JUDGE
प्रयागराज के बरई हरख गांव का अहद अहमद... जिसने हालात से हारना नहीं सीखा।पिता शहजाद अहमद टायर पंचर की दुकान चलाते थे, मां अफसाना बेगम सिलाई करती थीं। अहद अहमद ने पहले ही इम्तेहान में, बिना किसी कोचिंग के, अहद ने यूपी ज्यूडिशियल सर्विस (PCS-J) पास की…और 157वीं रैंक हासिल कर अब बन गए हैं ‘सिविल जज’।"
UPPCS-J परीक्षा देश की सबसे कठिन परीक्षाओं में से एक मानी जाती है, लेकिन अहद ने इसे पहली ही कोशिश में बिना किसी कोचिंग के 157वीं रैंक हासिल की। अहद ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से कानून (LLB) की पढ़ाई की। घर का काम संभालते हुए, और पंक्चर की दुकान पर पिता की मदद करते हुए उन्होंने अपनी पढ़ाई की।
"अहद अहमद की यह कहानी बताती है कि अगर इरादे सच्चे हों, तो मिट्टी में भी खिला जा सकता है इंसाफ का फूल।सलाम है ऐसे बेटों को जिन्हें ना हालात झुका सके, ना तक़दीर रोक सके।"
No comments:
Post a Comment